Q102
कवि के मन का भाव नहीं है
- (1) अकेलापन
- (2) रुदन इच्छा
- (3) रुकना मुश्किल लगना
- (4) चिंता
निर्देश : निम्नलिखित पद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों (प्रश्न सं॰ 100–105) के सबसे उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प को चुनिए :
समुद्र उठ रहा था चाँद की ओर
मैं बिल्कुल पास ही खड़ा था
एक ऐसा अकेलापन एक तनाव
रोने की भी इच्छा हुई
लेकिन रुलाई फूटी नहीं
और किस तरह रात आ रही थी
उतनी ऊँची लहरों में
कहीं दिख नहीं रही थी
मेरी कमीज के सिवा
देर तक टिकना मुश्किल था
मुंबई के भीतर लौट।
कवि के मन का भाव नहीं है
CBSE answer: (4)
उत्तर: (4) चिंता
सावधानी: तनाव और चिंता एक जैसे लग सकते हैं, पर कविता में ‘तनाव’ है, किसी बात की चिंता नहीं।